All Kinds

Hello Friends Foloww My Blogger.This Blogger You See Everthing Which You Want To See.Daily Up to DateNews And Masala.

Ads Here

Thursday, 30 January 2020

'खुद का स्टैंडर्ड उठाएं, तो हॉलिवुड से डर नहीं'

को पिछले कुछ समय से बॉलिवुड के ऐसे डायरेक्टर्स में गिना जाता है जिनकी फिल्में सफलता की गारंटी होती है। गोलमाल सीरीज, सिंघम सीरीज में धमाल मचा चुके रोहित हाल में फिल्म '' का प्रमोशन भी कर रहे हैं। हाल में उन्होंने नवभारत टाइम्स से इस बारे में खुलकर बात की। पिछले कुछ सालों से बहुत से बॉलिवुड स्टार्स हॉलिवुड फिल्मों से जुड़ रहे हैं, उनकी डबिंग कर रहे हैं। इसकी क्या वजह मानते हैं और ‘बैड बॉयज फॉर लाइफ’ से आपके जुड़ने की क्या वजह रही?'बैड बॉयज' हमेशा से मेरी फेवरिट फ्रेंचाइजी रही है और कहीं न कहीं वह मेरे टाइप के सिनेमा से रिलेट करती है। जिस तरह की पुलिस वाली फिल्में मसलन 'सिंघम', 'सिंबा', 'सूर्यवंशी' मैं बनाता हूं, इसलिए मैं इससे जुड़ा। बाकी, बॉलिवुड का हॉलिवुड फिल्मों से जुड़ना आज से नहीं है, कई सालों से हैं। अभी क्या हो गया है कि दुनिया छोटी होती जा रही है, तो यह बढ़ गया है, वरना पहले भी लोग काम किया करते थे। अब हमारा बिजनस बड़ा हो रहा है। हमारे स्टार्स हॉलिवुड में जाकर बहुत ज्यादा काम कर रहे हैं। बहुत सारे ऐक्टर्स वहां वेब-सीरीज भी कर रहे हैं और फिल्में भी कर रहे हैं। यही वजह है कि हमारा मार्केट बड़ा होता जा रहा है। आप हॉलिवुड के पॉइंट ऑफ व्यू से देखें, तो हम नहीं जुड़ रहे हैं, वे हमारे साथ जुड़ रहे हैं। आप भले खतरा न मानें, पर पिछले साल हॉलिवुड फिल्मों ने भारत में हजार करोड़ से ज्यादा का बिजनस किया है। ऐसे में, आपको नहीं लगता कि हॉलिवुड फिल्मों का प्रचार करके बॉलिवुड वाले अपना ही नुकसान कर रहे हैं?उसमें कोई गलत बात नहीं है। ऐसा नहीं है कि उनका प्रचार करने से हिंदी फिल्में नहीं चलेंगी। अगर हिंदी फिल्म अच्छी है, तो वह जरूर चलेगी। आप ‘तान्हाजी’ को ही देख लीजिए, तानाजी 10 जनवरी को रिलीज हुई, इस डेट पर बहुत कम लोग फिल्में रिलीज करना चाहते हैं और वह इस डेट पर भी 200 करोड़ से ज्यादा का बिजनस कर चुकी है। अभी 2 और फिल्में आई हैं, 'स्ट्रीट डांसर' और 'पंगा', वे भी चल रही हैं, तो ऐसा होता नहीं है। जो अच्छी फिल्में हैं, वे चलती ही चलती हैं। उसे कोई नहीं रोक सकता। वह चाहे हॉलिवुड हो, बॉलिवुड हो या किसी और भाषा की फिल्म हो, यह सिर्फ कहने की बात है। बिजनस के बारे में मुझसे बेहतर कौन जानता होगा? लोग बात करते हैं, पर हम तो यह बिजनस कर रहे हैं, तो इससे कोई फर्क नहीं पड़ता। जैसे, मैंने पहले भी कहा कि हमारे यहां सालाना 200 फिल्में बनती हैं और जब साल खत्म होता है, तो आप उंगलियों पर गिन सकते हैं कि कितनी फिल्में हिट रहीं, वे 20 से 25 ही होती हैं, तो जिस दिन हम अपना स्टैंडर्ड बढ़ा देंगे, हम बेहतर फिल्में बनाएंगे, तब इस चीज का डर नहीं रहेगा। वैसे अभी भी नहीं है। मेरा तो यह भी मानना है कि हम सिर्फ बिजनेस का क्यों सोचें? हम अपनी ऑडियंस का भी तो सोचें, अगर हमारे बच्चों को अवेंजर्स देखकर खुशी मिलती है, बैड बॉयज देखकर खुशी मिलती है, तो क्या बुराई है। आपको किसी हॉलिवुड ऐक्टर को डायरेक्ट करने का मौका मिले, तो किसे डायरेक्ट करना चाहेंगे और क्यों?विल स्मिथ, क्योंकि वह मेरे फेवरिट ऐक्टर्स में से एक हैं और वह मेरे टाइप के ऐक्टर हैं। जिस तरह की फिल्में मैं बनाता हूं, उस हिसाब से विल स्मिथ ऐसे ऐक्टर हैं, जिन्हें मैं डायरेक्ट करना चाहूंगा। हॉलिवुड फिल्में देसी बॉक्स ऑफिस पर बॉलिवुड को कड़ी टक्कर दे रही हैं। आप उन्हें कितना बड़ा खतरा मानते हैं और बॉलिवुड को इससे निबटने के लिए क्या करना होगा?मैं ऐसा मानता ही नहीं हूं। यह सिर्फ कहने की बात है कि हॉलिवुड हमारा बिजनस खा रहा है। हमारे यहां हर साल 200 से 250 फिल्में बनती हैं, जिनमें से 20 फिल्में चलती हैं। हमारा खुद के बिजनस का रेशियो 10 पर्सेंट है। इसलिए मैं तो खुश हूं कि थिएटर मालिकों के लिए हॉलिवुड की कुछ अच्छी फिल्में आ जाती हैं, जिनसे वे सर्वाइव कर पा रहे हैं। हमें अपना स्टैंडर्ड, अपनी फिल्में बेहतर करनी होंगी। हमें यह नहीं सोचना चाहिए कि हॉलिवुड हमारा बिजनस खा रहा है। हमें यह सोचना चाहिए कि हम अपना बिजनस कैसे बढ़ाएं।


from Entertainment News in Hindi, Latest Bollywood Movies News, मनोरंजन न्यूज़, बॉलीवुड मूवी न्यूज़ | Navbharat Times https://ift.tt/2Ub5I60

No comments:

Post a Comment